ट्रायल रन से पहले ट्रेन 18 पर दूसरी बार पथराव, खिड़की का कांच टूटा

  • शनिवार सुबह ट्रायल रन के लिए दिल्ली से वाराणसी रवाना हुई ट्रेन 18

  • शुक्रवार रात दिल्ली-लाहौरी गेट पोस्ट पर अज्ञात लोगों ने पथराव किया

  • दिसंबर 2018 को दिल्ली-आगरा रूट पर भी ट्रेन पर पत्थर फेंके गए थे

देश की सबसे तेज ट्रेन 18 पर शुक्रवार रात को दिल्ली-लाहौरी गेट पोस्ट पर अज्ञात लोगों ने पत्थर फेंके। रेलवे अधिकारियों ने बताया कि इससे एक कोच की खिड़की टूट गई। इससे पहले 20 दिसंबर को भी दिल्ली-आगरा रूट पर पथराव हुआ था। रेल मंत्रालय के मुताबिक, शनिवार सुबह 6.35 बजे ट्रेन को ट्रायल रन के लिए दिल्ली से वाराणसी रवाना किया गया। यह तय वक्त से पहले दोपहर 2.30 बजे वाराणसी पहुंच गई।

वंदे भारत एक्सप्रेस रखा गया ट्रेन 18 का नाम
इस सेमी हाईस्पीड ट्रेन को वंदे भारत एक्सप्रेस नाम दिया गया है, जो 30 साल पुरानी शताब्दी एक्सप्रेस की जगह लेगी। भारत में बनी यह ट्रेन दिल्ली से वाराणसी के बीच 160 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से दौड़ेगी। हालांकि, 2 दिसंबर को ट्रायल रन में इसने कोटा-सवाई माधोपुर सेक्शन में 180 किमी/घंटा की रफ्तार पार कर रिकॉर्ड बनाया था।

97 करोड़ की लागत से 18 महीने में बनी
रेलमंत्री पीयूष गोयल के मुताबिक, यह ट्रेन 97 करोड़ की लागत से 18 माह में चेन्नई की कोच फैक्ट्री में तैयार की गई है। पूरी तरह से एयरकंडीशंड और इंजन रहित ट्रेन में 16 कोच हैं। इसकी सीटें 360 डिग्री तक घूम सकती हैं।

NEWS SOURCE-- DAINIK BHASKAR